हिन्दी संस्कृतम् सदा न बुलबुल नगमें गाये सदा न फसले बहारा सदा न हुस्न जवानी रहते सदा न सोहबतें यारा रब जाने किस दामण के लिए कौन सा गुल चुनता है कहते है सच्चे दिल की दुवाये जल्द खुदा सुनाता है तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान ओ ओ ओ ओ ……… जानेवाले ओ जानेवाले जानेवाले ओ जानेवाले किया तुझे हमने किया तुझे हमने ख़ुदा के हवाले जानेवाले ओ जानेवाले जानेवाले ओ जानेवाले तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान कोई मुश्किल न आये , तेरी राहों में पोहंचे साथ ख़ैरियत के , अपनी मंज़िल की बाहों में कोई मुश्किल न आये , तेरी राहों में पोहंचे साथ ख़ैरियत के अपनी मंज़िल की बाहों में तुझे तेरी मंज़िल तुझे तेरी मंज़िल, गले से लगाले जानेवाले ओ जानेवाले जानेवाले ओ जानेवाले तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान तेरा अल्लाह निगेहबान तेरा मौला निगेहबान ओ ओ ओ … यह बेलौस...